
कर्बला के 26वें शहीद हज़रते अम्मार इब्ने हिसान अलताई
आपका पूरा नाम-ओ-नसब ये है अम्मार इब्ने हिस्सान इब्ने शरीह इब्ने सअद इब्ने हारिस इब्ने लाम इब्ने उमर इब्ने समामा इब्ने ज़ेहेल इब्ने जज़आन इब्ने सअद इब्ने तई-अल-ताई था।
आप अरब के शुजाओ में बड़े नामी गिरामी मशहूर थे और आले मोहम्मद के ख़ास मुतीअ-ओ-मनकाद नेज़ जाँनिसार थे। आपके पदरे बुजुर्गवार हिस्सान अमीरूल मोमिनीन के ख़ास सहाबी थे। ये जंगे जमल में लड़े और जंगे सिफ्फीन में लड़ कर शहीद हुये। अम्मार इब्ने हिस्सान मक्का-ऐ-मोअज़्ज़मा में इमाम हुसैन अ० के हमराह हो कर करबला आये और सुबहे आशूर जंगे मगलूबा में शहीद हुये।
आप की सातवीं पुश्त में अब्दुल्लाह इब्ने अहमद निहायत ज़बरदस्त आलिमे दीन और रावी-ए-हदीस गुज़रे हैं ये अपने वालिद के ज़रिये से हज़रत इमाम रज़ा अलै० से रवायत करते थे। मौसूफ की कई तसानीफ हैं जिनमें ज़ायाऐ अमीरूल मोमिनीन ज़्यादा मशहूर है।

