यजीद शराब पीना कहां से सीखा

इमाम अहमद बिन हम्बल मुआविया के लिए क्या फरमा रहें हैं ज़रा गौर पढ़ें.



,,,,,,,, यजीद शराब पीना कहां से सीखा

हम सब ने ये तो सुना और जाना है की यज़ीद लानती शराबी था पर शराब पीना कहा से सिखा ये मैं आज बताता हूँ।

इमाम अहमद इब्ने हम्बल लिखते है की अपने दौर ऐ हुकूमत में मुआविया शराब पीता था।

जब हम कहते है तो हम को राफ़जी, गुमराह, क़ाफ़िर, सहाबा का गुस्ताख़, ख़ारजी जैसे लफ़्ज़ों से नवाजा जाता है, वही मोलवी अब इब्ने हम्बल के बारे में क्या कहेगा???!!

सहाबी वो हैं जो ईमान की हालत मैं मौत पाये, ये कैसा सहाबी जो शराब पीता था और इमान में मरा???!!!

अगर अब भी मुआविया को इमान में माना तो मतलब शराब को हराम नहीं समझा।

हवाला
– मुसनद अहमद बीन हम्बल, जिल्द 10, हदीस न. 23329, सफ़ा न. 661

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*بِسْمِ اللهِ الرَّحْمٰنِ الرَّحِيْمِ*

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*Imam Hasan Askari (as)*
Jo bhi aacha karega wo khushi payega aur jo burai karega wo pachtaeyega.

*Imam Hasan Askari (as),*
Whoever sows good shall harvest happiness, and whoever sows evil shall harvest regret.

(Ref Beharul Anwaar , Vol.78, pg 338)