
मुनाफिक सहाबा की पहचान
हज़रत अबुजर रजी अल्लाह अन्हो फरमाते हे हम मुनाफ़िकीन को अल्लाह और इसके रसूल सललल्लाहो अलैहि व आलिहि वसल्लम की तकजीब (झुठलाना) और नमाजों से पीछे रहने और हज़रत अली बिन अबू तालिब अलैहिस्सलाम के बुग्ज की वजह से पहचानते थे
📕अल मुस्तकद्रक लिल हाकिम📗
हदीस No,,4643 सफा No,,259
जिल्द No,,,4

